चमकती सी थाली Nov 1 Written By Roli S चाँद कभी चमकती थाली तो कभी चांदी की गेंद तो कभी बस यूँ ही भटकता सा कोई मुसाफिर अकेले विशाल गगन में कितना कुछ अनुभव कराता है ये मुझे। Roli S
चमकती सी थाली Nov 1 Written By Roli S चाँद कभी चमकती थाली तो कभी चांदी की गेंद तो कभी बस यूँ ही भटकता सा कोई मुसाफिर अकेले विशाल गगन में कितना कुछ अनुभव कराता है ये मुझे। Roli S